Monday, May 25, 2026
English edition
Rashtra Wire Rashtra Wire

India, As It Happens

India

प्रदूषण कम करने के लिए दिल्ली सरकार का बड़ा कदम, इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा

May 14, 2026 Source: Rashtra Wire

प्रदूषण कम करने के लिए दिल्ली सरकार का बड़ा कदम, इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा
दिल्ली सरकार ने पेट्रोल-डीजल की बचत और प्रदूषण कम करने के उद्देश्य से बड़ा कदम उठाया है। राजधानी के तीन प्रमुख विभाग—Public Works Department (PWD), Delhi Jal Board (DJB) और सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग—ने अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए 11 बिंदुओं वाला नया “ब्लू प्रिंट” जारी किया है। इन निर्देशों को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। इन विभागों के प्रभारी मंत्री Parvesh Sahib Singh ने कहा कि अनावश्यक यात्राओं को कम करने के लिए अब वर्चुअल मीटिंग्स को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके साथ ही अधिकारियों को सप्ताह में एक दिन निजी कार का उपयोग न करने का निर्देश दिया गया है। इस पहल को “नो कार डे” के रूप में मनाया जाएगा, जिसमें कर्मचारियों को पब्लिक ट्रांसपोर्ट, कारपूलिंग या सीट शेयरिंग का सहारा लेना होगा। नई नीति में इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया गया है। विभागों को कार्यालय परिसरों में ईवी चार्जिंग सिस्टम तेजी से स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को निरीक्षण, फील्ड विजिट और ऑफिस आने-जाने के दौरान कारपूलिंग अपनाने की सलाह दी गई है। सरकार का मानना है कि इससे ईंधन की खपत कम होगी, ट्रैफिक दबाव घटेगा और प्रदूषण नियंत्रण में मदद मिलेगी। मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने कहा कि यह केवल औपचारिकता नहीं बल्कि ऊर्जा संरक्षण और जिम्मेदार प्रशासनिक कार्यशैली की दिशा में एक गंभीर प्रयास है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से डिजिटल कार्यप्रणाली अपनाने और इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को प्राथमिकता देने की अपील की। यह पहल प्रधानमंत्री Narendra Modi की पेट्रोल बचाने की अपील के बाद सामने आई है। हाल ही में प्रधानमंत्री ने वैश्विक परिस्थितियों और पश्चिम एशिया के तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए लोगों से ईंधन की बचत करने, मेट्रो और इलेक्ट्रिक वाहनों का अधिक उपयोग करने तथा कारपूलिंग और वर्क फ्रॉम होम को बढ़ावा देने की अपील की थी। बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री ने खुद भी अपने काफिले में वाहनों की संख्या कम कर उदाहरण पेश किया है। दिल्ली सरकार का मानना है कि इन कदमों से न केवल सरकारी खर्चों में कमी आएगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने में भी मदद मिलेगी।